Search This Blog

Thursday, July 20, 2017

पहरा दिल पे लगा देती हूँ

                                  

Wednesday, July 12, 2017

शाम रात मैकदा

                          
वज्न-212 1212 1212 1212

Sunday, July 9, 2017

सब फ़ना हो जाएगा

                              
वज्न-2122 2122 2122 212                   

मेरा सांवरा बेवफा हो गया

मिरा सांवरा बेवफा हो गया
भुलाया हमे या ख़फा हो गया
इधर उसकी चाहत में जलती रही
उधर वो किसी का सगा हो गया

सुना है वो मुरली बजाता रहा
नचा गोपियों को सताता रहा
न मेरी खबर ली किसी बात की
सताया तो दिल बावरा हो गया

चलो मान लेते हैं फुरसत नहीं
मिली हो कही हमसे बेहतर हसीं
यहाँ हमने खोई ये चाहत सनम
मगर आपका तो नफ़ा हो गया

मिलोगे हमे ये यकीं अब नहीं
हमें भूल जाओ सही भी नहीं
रूलाऊंगे हम जब मिरे हाल पर
कहोगे कि जोगन ये क्या हो गया
                           

वज्न-122 122 122 12




Friday, July 7, 2017

जंग का ऐलान ना कर

                               
वज्न- 2122 2122 2122 2122                            

Wednesday, July 5, 2017

दूरी रिश्तो की

                              वज्न-212  212 212 2